देवास जिला अस्पताल में ‘’सुमन हेल्प डेस्क’’ से गर्भवती महिलाओं और नवजात शिशुओं का निरन्तर लिया जा रहा है फॉलोअप व देखरेख
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सुमन हेल्प डेस्क से प्रतिदिन गर्भवती महिलाओं को काल कर स्वास्थ्य संस्था में चेकअप और निःशुल्क उपचार की ली जा रही है जानकारी
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देवास 18 अप्रैल 2023/ जिले में स्वास्थ्य विभाग द्वारा की स्वास्थ्य योजनाओं का लाभ जिले के नागरिकों दिया जा रहा है। स्वास्थ्य सेवाओं की निरंतर समीक्षा कर आवश्यक दिशा निर्देश दिए जा रहे। देवास जिला चिकित्सालय में ‘’सुमन हेल्प डेस्क’’ संचालित किया जा रहा हैं। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ एम.पी. शर्मा ने बताया कि ‘’सुमन हेल्प डेस्क’’ के माध्यम से गर्भवती महिलाओं और नवजात शिशुओं की सहायता और देखरेख की जा रही हैं। ‘’सुमन हेल्प डेस्क’’ में सुपरवाइजर प्रीति चौहान और ऑपरेटर रोहित प्रजापति प्रतिदिन गर्भवती महिलाओं को कॉल करते हैं व गर्भवती महिलाओं से उनके स्वास्थ्य व आंगनवाड़ी में चेकअप की जानकारी लेते हैं व उन्हें डिलेवरी के समय पेपर व निःशुल्क उपचार के लिए सलाह देते हैं। गर्भवती महिलाओं की स्वास्थ्य की जानकारी लेते है। ब्लॉक लेवल अधिकारियों से उनके ब्लॉक में प्रसव पूर्व प्रदाय सेवायें, हाई-रिस्क और मातृ-मृत्यु की जानकारी लेते हैं।
सरकार का लक्ष्य है की गर्भवती महिलाओं को सुरक्षित और स्वस्थ जीवन प्रदान किया जाए और उनके नवजात शिशुओं को बेहतर दवाइयां और खानपान उपलब्ध कराया जाए। शिशुओं और गर्भवती महिलाओं की मृत्यु दर को कम करने के लिए और पूर्णता रोकने के लिए भारत सरकार ने सुरक्षित मातृत्व आश्वासन सुमन योजना चलायी जा रहा है।
सुमन हेल्प डेस्क से महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता, कम्युनिटी हेल्थ ऑफीसर, ब्लॉक कम्युनिटी मोबिलाइजर चाइल्ड हेल्थ फैसिलिटी और हितग्राहियों को कॉल कर बेहतर स्वास्थ्य के लिए उनसे आवश्यक जानकारी प्राप्त कर सेवा प्रदाता को जच्चा और बच्चा की जानकारी उपलब्ध कराते है। सुमन हेल्प डेस्क से नवजात शिशुओं और महिलाओं के स्वास्थ्य का पूर्णता ध्यान रखा जा रहा है। इसके अतिरिक्त गर्भवती महिलाओं को सुमन योजना के माध्यम से कुपोषित होने से बचाया जा रहा। जिससे उचित प्रबंधन कर स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान की जा सके। इस योजना का मूल उद्देश्य शिशु एवं मातृ मृत्यु दर को कम करना है। इसके लिए अनमोल पोर्टल में दर्ज गर्भवती महिलाओं की जानकारी से चिंहित हाई-रिस्क गर्भवती महिलाएओं का डेटा राज्य स्तर से सुमन हेल्प डेस्क को उपलब्ध कराया जाता है। सुमन हेल्प डेस्क से इन हाई रिस्क गर्भवती महिलाओं को फोन लगाकर जांच-उपचार के संबंध में जानकारी ली जाकर समय-समय पर उपचार की सलाह दी जाती है।
ब्लॉक स्तर पर चिकित्सा अधिकारी और सीएचओ को कॉल करके हाई-रिस्क गर्भवती का संस्था में उचित प्रबंधन हेतु सूचना दी जा रही साथ ही जिले के समस्त डिलेवरी प्वाइंट से चिकित्सकीय कारण से रेफर होने वाली गर्भवती महिलाएं व बच्चे की जानकारी डिलेवरी पॉइंट इंचार्ज व नर्सिंग ऑफिसर के द्वारा सुमन हेल्प डेस्क को दी जा रही जिससें इन रेफर मरीज का उच्च संस्था में समय पर उचित प्रबंधन और उपचार कर किया जा रहा साथ ही नियमित फॉलोअप लेकर स्वास्थ्य सेवायें प्रदान कर समस्या का समाधान किया जा रहा है।
