समलैंगिक विवाह को क़ानूनी मान्यता देने की राष्ट्र विरोधी तत्वों की माँग पर सर्वोच्च न्यायालय में सुनवाई चल रही है।समलैंगिक विवाह सामाजिक, धार्मिक,एवं जैववैज्ञानिक दृष्टि से विकृत एवं घोर हानिकारक है। समलैंगिक विवाह भारतीय संस्कृति एवं भारतीय परिवार व्यवस्था को तोड़ने का षडयंत्र है,इस संबंध में अपना विरोध व्यक्त करने हेतु माननीय राष्ट्रपति,प्रधानमंत्री एवं मुख्य न्यायाधीश को ज्ञापन देने के लिए अधिकाधिक संख्या में परिवार एवं मित्रों सहित उपस्थित हों।।

