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देवास जिले में बाल विवाह रोकथाम के लिए जिला स्तर पर 24×7 कंट्रोल रूम स्थापित

 देवास जिले में बाल विवाह रोकथाम के लिए जिला स्तर पर 24×7 कंट्रोल रूम स्थापित


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बाल विवाह की सूचना जिला कंट्रोल रूम 07272-250126, चाइल्ड हेल्प लाइन नम्बर 1098 तथा डायल 100 को दें


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सेवा प्रदाता उम्र संबंधी प्रमाण-पत्र प्राप्त कर निर्धारित आयु पूर्ण करने पर ही विवाह में अपनी सेवायें दें, बाल विवाह में सेवायें देने पर होगी कार्यवाही


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     देवास, 21 अप्रैल 2023/ जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास देवास ने बताया कि जिले में बाल विवाह रोकने के लिए दलों का गठन किया गया है। बाल विवाह रोकथाम के लिए जिला स्तर पर वन स्टॉप सेन्टर महिला एवं बाल विकास देवास में 24×7 कंट्रोल रूम स्थापित किया है। आमजन बाल विवाह की सूचना प्राप्त होने पर जिला कंट्रोल 07272-250126, चाइल्ड हेल्प लाइन नम्बर 1098 तथा डायल 100 सूचना दे सकते है।


     सेवा प्रदाता विवाह में सेवाये देने के पूर्व उम्र संबंधी प्रमाण पत्र प्राप्त कर विवाह के लिए निर्धारित आयु पूर्ण करने पर ही विवाह में अपनी सेवायें प्रदान करें। बाल विवाह करने एवं बाल विवाह में सेवायें देने वाले सेवा प्रदाताओं पर बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम अंतर्गत कार्यवाही की जायेगी। जिसके अंतर्गत 02 वर्ष का कारावास या 01 लाख रूपये का जुर्माना किया जा सकता है।


     जिले में परियोजना स्तर पर अनुविभागीय अधिकारी राजस्व द्वारा बाल विवाह रोकथाम एवं बाल विवाह पर निगरानी रखने हेतु संयुक्त दलों का गठन किया गया है। उक्त दलों में महिला एवं बाल बाल विकास विभाग, राजस्व विभाग, पंचायत विभाग, पुलिस विभाग आदि के अधिकारी/ कर्मचारी शामिल है।


     महिला एवं बाल विकास विभाग अधिकारी देवास ने बताया कि अक्षय तृतीया विवाह मुहूतों के अवसर पर सामुहिक विवाह सम्पन्न होते हैं। जिसमें बाल विवाह होने की प्रबल संभावना होती है। इन अवसरों पर विशेष रूप से विवाह पर निगरानी रखते हुए पूरे वर्ष अभियान अंतर्गत बाल विवाह रोकथाम के लिए वर्ष भर कार्यवाही की जाती है।


     महिला एवं बाल विकास विभाग देवास ने आमजन से अपील कि है कि हम अपने बच्चों का विवाह निर्धारित पूर्ण करने पर ही करें। हम सब बाल विवाह कुप्रथा को रोकने के लिये प्रयास करें। अक्षय तृतीया विवाह मुहूर्त के अवसर पर सामुहिक विवाह/अन्य विवाह आयोजन प्रतिवर्ष सम्पन्न होते है, जिसमें बाल विवाह होने की संभावना होती है। इन अवसरों पर विशेष रूप से विवाह पर निगरानी रखते हुए बाल विवाह रोकथाम हेतु महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा संचालित लाडो अभियान अंतर्गत विभिन्न विभागों के समन्वय संयुक्त रूप से कार्यवाही की जाती है।